Month: January 2017

Takleef Shayari – दिल की दास्ताँ भी बड़ी

दिल की दास्ताँ भी बड़ी अजीब होतीहै
बड़ी मुस्किल से इसे ख़ुशी नसीब होतीहै
किसी के पास आने पर ख़ुशी हो नहो
पर दूर जाने पर बड़ी तकलीफ होती है…

Takleef Shayari – ऐ खुदा काश तेरा भी

ऐ खुदा काश तेरा भी एक खुदा होता तो
तुझे भी ये अहसास होता कि,
दुआ कुबुल ना होने पे
कितनी तकलीफ होती है…


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Sitam Shayari – तुमने चाहा है मुझे ये करम

तुमने चाहा है मुझे
ये करम क्या कम है
तुम प्यार करते हो मुझसे
ये भरम क्या कम है
एकदिन ये भरम टूटेगा मेरा
उफ़ किस्मत का
ये सितम क्या कम है…